Thak Pratyay Parichay Udaharan
Thak Pratyay.. संबन्धित अर्थ में संज्ञा शब्दों के साथ ठक् प्रत्यय का प्रयोग होता है। मूल शब्द के साथ जुड़ […]
Thak Pratyay.. संबन्धित अर्थ में संज्ञा शब्दों के साथ ठक् प्रत्यय का प्रयोग होता है। मूल शब्द के साथ जुड़ […]
मतुप और वतुप प्रत्यय एक तद्धित प्रत्यय है.. जो ‘युक्त‘ अर्थ में या वाला अर्थ में संज्ञा व सर्वनाम शब्दों
वेदान्त के अनुसार अध्यारोप क्या है?..अद्वैत वेदान्त के अनुसार जीव और ब्रह्म एक हैं , उनका ऐक्य प्रतिपादन ही इस
Tavyat Pratyay.. तव्यत प्रत्यय का प्रयोग विधिलिङ्ग् लकार के अर्थ में होता है।तथा इसका प्रयोग कर्म वाच्य में होता है।
अनीयर प्रत्यय संस्कृत व्याकरण..का एक कृत प्रत्यय है। कृत प्रत्यय धातु के साथ प्रयुक्त होते हैं। यह वर्तमान काल के
पदार्थ क्या है..तर्क संग्रह के अनुसार पदार्थ क्या है..न्याय वैशेषिक के अनुसार पदार्थ क्या है..कौन- कौन से पदार्थ हैं? …वस्तुतः
विशेषण की अवस्थाएं/ तुलनात्मक विशेषण/Visheshan Ki Avasthaen विशेषण की अवस्थाएं…या तुलनात्मक विशेषण क्या हैं.. जब भी हम भाषा या साहित्य
Sanskrit Sangya Vidhayak Sutra संज्ञा विधायक सूत्र..संज्ञा का अर्थ होता है… नाम।व्याकरण शास्त्र में किसी शब्द/पद की , किसी आदेश
वेदान्त के अनुसार सूक्ष्म शरीर क्या है? इसका निर्माण कैसे होता है?किन तत्वों से होता है?लिङ्ग शरीर क्या है? वेदान्त
वेदान्त के अनुसार अनुबन्ध चतुष्टय क्या हैं…परस्पर सुसंबद्ध तथा विचार करने योग्य तत्वों को अनुबन्ध कहते हैं। जब भी कोई